द्वाराहाट: अल्मोड़ा जिले में जनजागरूकता को नई दिशा देने के उद्देश्य से द्वाराहाट पुलिस और जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ने संयुक्त रूप से एक व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाया। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य आम जनता को सड़क सुरक्षा, साइबर अपराधों से बचाव, नशा मुक्ति और नए आपराधिक कानूनों के प्रति जागरूक करना रहा। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अल्मोड़ा श्री चंद्रशेखर घोडके के निर्देशानुसार जनपद भर में लगातार जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इसी क्रम में आज द्वाराहाट कस्बे और मुख्य बाजार क्षेत्र में प्रभारी निरीक्षक श्री विनोद जोशी के नेतृत्व में एक विशाल जनजागरूकता रैली निकाली गई।

रैली में पुलिस विभाग और जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया। इस दौरान बाजार क्षेत्र, व्यापारिक प्रतिष्ठानों, सार्वजनिक स्थानों और सड़क मार्गों पर लोगों से सीधे संवाद कर उन्हें विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों की जानकारी दी गई। सड़क सुरक्षा को लेकर लोगों को विशेष रूप से जागरूक किया गया। वाहन चालकों से अपील की गई कि वे दोपहिया वाहन चलाते समय हमेशा हेलमेट का प्रयोग करें तथा चारपहिया वाहन में सीट बेल्ट लगाना अपनी आदत बनाएं। साथ ही नशे की हालत में वाहन न चलाने, निर्धारित गति सीमा का पालन करने और यातायात नियमों का सम्मान करने का संदेश दिया गया।

पुलिस अधिकारियों ने कहा कि सड़क दुर्घटनाओं में अधिकांश जानें केवल लापरवाही के कारण जाती हैं। यदि प्रत्येक व्यक्ति यातायात नियमों का पालन करे तो दुर्घटनाओं में उल्लेखनीय कमी लाई जा सकती है। इसके साथ ही युवाओं और आम नागरिकों से नशे से दूर रहने और समाज को नशामुक्त बनाने में अपना सहयोग देने की अपील की गई। पुलिस ने कहा कि नशा न केवल व्यक्ति के स्वास्थ्य को नुकसान पहुंचाता है बल्कि परिवार और समाज के लिए भी गंभीर समस्याएं पैदा करता है वर्तमान समय में तेजी से बढ़ रहे साइबर अपराधों को देखते हुए अभियान के दौरान साइबर सुरक्षा पर भी विशेष जोर दिया गया। लोगों को ऑनलाइन ठगी, फर्जी कॉल, ओटीपी शेयर करने के खतरे, फर्जी लिंक, सोशल मीडिया फ्रॉड और डिजिटल अरेस्ट जैसे साइबर अपराधों के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई।

नागरिकों को बताया गया कि किसी भी अज्ञात व्यक्ति के साथ बैंकिंग या व्यक्तिगत जानकारी साझा न करें और किसी भी संदिग्ध लिंक पर क्लिक करने से बचें। यदि कोई व्यक्ति साइबर धोखाधड़ी का शिकार होता है तो उसे तुरंत राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर संपर्क करना चाहिए, जिससे समय रहते कार्रवाई की जा सके। अभियान के दौरान भारतीय न्याय संहिता यानी बीएनएस तथा भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता यानी बीएनएसएस सहित नए आपराधिक कानूनों की महत्वपूर्ण जानकारियां भी साझा की गईं। लोगों को बताया गया कि इन कानूनों का उद्देश्य न्याय प्रणाली को अधिक प्रभावी, पारदर्शी और नागरिक हितैषी बनाना है द्वाराहाट पुलिस और जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की इस संयुक्त पहल को स्थानीय लोगों ने सराहा और ऐसे जागरूकता कार्यक्रमों को समाज के लिए बेहद उपयोगी बताया।
