अल्मोड़ा। खुशियों और दोस्तों के साथ बिताए जाने वाले कुछ पल कब जिंदगी का सबसे दर्दनाक अध्याय बन जाएं, यह कोई नहीं जानता। अल्मोड़ा के देवस्थल क्षेत्र में मंगलवार को कुछ ऐसा ही हुआ, जब कोसी नदी में नहाने और घूमने गए पांच दोस्तों में से दो युवकों की डूबने से मौत हो गई। देखते ही देखते हंसी-खुशी का माहौल चीख-पुकार में बदल गया और दो परिवारों की खुशियां हमेशा के लिए उजड़ गईं मिली जानकारी के अनुसार अल्मोड़ा मुख्यालय से पांच दोस्त मंगलवार को देवस्थल के पास कोसी नदी किनारे घूमने पहुंचे थे। गर्मी और सुहावने मौसम के बीच सभी दोस्त नदी के किनारे बैठकर समय बिता रहे थे। कुछ देर बाद सभी नदी में नहाने उतर गए और मौज-मस्ती करने लगे। किसी को अंदाजा नहीं था कि यह मस्ती कुछ ही मिनटों में एक बड़े हादसे का रूप ले लेगी।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार नहाने के दौरान दो युवक नदी के उस हिस्से में पहुंच गए, जहां पानी काफी गहरा था और बहाव भी तेज था। अचानक दोनों युवकों का संतुलन बिगड़ गया और वे पानी में डूबने लगे। दोनों को बचाने के लिए उनके साथियों ने हर संभव कोशिश की, लेकिन नदी की गहराई और तेज बहाव के आगे उनकी कोशिशें नाकाम साबित हुईं। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। दोस्तों ने तुरंत पुलिस और एसडीआरएफ को सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस और एसडीआरएफ की टीम घटनास्थल पर पहुंची और रेस्क्यू अभियान शुरू किया। कई घंटों की मशक्कत के बाद दोनों युवकों को नदी से बाहर निकाला गया, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। चिकित्सकों ने दोनों को मृत घोषित कर दिया।
हादसे में जान गंवाने वाले युवकों की पहचान सोनू कनवाल (26 वर्ष) पुत्र महेंद्र सिंह कनवाल निवासी दुगालखोला, अल्मोड़ा तथा धीरज गड़िया (37 वर्ष) निवासी मोटाहल्दू, हल्द्वानी, मूल निवासी बागेश्वर के रूप में हुई है। हादसे की सूचना मिलते ही दोनों परिवारों में कोहराम मच गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल है। पुलिस की प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि सभी युवक नदी किनारे पार्टी कर रहे थे। इसी दौरान दो युवक नहाने के लिए नदी में उतरे और गहरे पानी में चले जाने के कारण हादसे का शिकार हो गए। पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच जारी है। यह हादसा एक बार फिर लोगों को सावधान रहने का संदेश देता है।
पहाड़ी क्षेत्रों की नदियां ऊपर से शांत दिखाई देती हैं, लेकिन कई स्थानों पर उनकी गहराई और बहाव बेहद खतरनाक होता है। थोड़ी सी लापरवाही भी जानलेवा साबित हो सकती है। देवस्थल की कोसी नदी में हुआ यह दर्दनाक हादसा अब पूरे अल्मोड़ा की चर्चा का विषय बना हुआ है। जिन दोस्तों के साथ मंगलवार का दिन यादगार बनना था, वही दिन दो परिवारों के लिए जिंदगी भर का गम देकर चला गया। पूरे क्षेत्र में हर कोई यही कह रहा है कि काश, कुछ मिनट पहले खतरे का अंदाजा हो जाता तो शायद दो जिंदगियां बचाई जा सकती थीं।
