देहरादून: देवभूमि उत्तराखंड में दिन प्रतिदिन भूस्खलन, आपदा की खबरें सामने आते रहती है, वही इसी बीच एक बड़ी खबर सामने आई है, वैज्ञानिकों द्वारा जारी चेतावनी ने पूरे उत्तराखंड को हिला कर रख दिया है। उत्तराखंड में भयानक भूकंप आने की चेतावनी जारी की गई है।आपको बता दे कि उत्तराखंड समेत पूरा हिमालयी क्षेत्र एक बहुत बड़े भूगर्भीय खतरे की ओर बढ़ रहा है।
देश के प्रमुख भूवैज्ञानिकों ने चेतावनी दी है कि राज्य में कभी भी 7.0 तीव्रता तक का बड़ा भूकंप आ सकता है। यह चेतावनी कोई कल्पना नहीं, बल्कि उन वैज्ञानिक अध्ययनों का नतीजा है जो पिछले कुछ महीनों से देहरादून में हुए हैं। भूवैज्ञानिकों के मुताबिक, हिमालय की टकराती टेक्टोनिक प्लेटों के बीच लगातार ऊर्जा इकट्ठा हो रही है, जिसकी आहट चमोली, उत्तरकाशी, पिथौरागढ़ और बागेश्वर जैसे जिलों में बार-बार महसूस हो रहे छोटे-छोटे भूकंपों से मिल रही है।
नेशनल सेंटर फॉर सिस्मोलॉजी के मुताबिक, उत्तराखंड में पिछले 6 महीने में 22 बार भूकंप आए हैं, जिसकी रिक्टेल स्केल पर तीव्रता 1.8 से 3.6 तक मापी गई. इनसे उत्तरकाशी, चमोली, पिथौरागढ़ और बागेश्वर में भकूंप के झटके महससू किए गए. प्रदेश में 4 से 5 भूकंप के जोन हैं. वैज्ञानिक जल्द की बड़े भूकंप की आशंका जता रहे हैं.
मिली जानकारी के मुताबिक, उत्तराखंड में पहाड़ी इलाकों में 169 जगहों पर ऐसे सेंसर लगाए गए हैं, जिनकी मदद से 5 तीव्रता से ज्यादा का भूकंप आने से 15 से 30 सेकंड पहले अलर्ट मिल जाएगा तथा पता चल जाएगा कि भूंकप जैसी घटनाएं घटने वाली हैं. जनता को मोबाइल पर भूदेव ऐप के जरिए नोटिफिकेशन मिल जाएगा. बता दें कि 19 जून 2025 को डिवाइस में दर्ज हुआ कि उत्तराखंड का 250 किमी लंबा भू-क्षेत्र (कुमायूं से देहरादून तक) एक जोन बन चुका है. यहां पर भूकंप आने का सबसे ज्यादा खतरा है।
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